गुरुग्राम: अरावली पर्वत श्रृंखला के संरक्षण को लेकर हरियाणा पुलिस ने अवैध खनन के खिलाफ कड़ा रुख अपनाया है। एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने शुक्रवार को अरावली क्षेत्र में आने वाले जिलों में व्यापक प्रवर्तन अभियान चलाने के निर्देश दिए हैं, ताकि खनन गतिविधियों पर प्रभावी नियंत्रण सुनिश्चित किया जा सके।
हरियाणा पुलिस के अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक (ADGP) नवदीप सिंह विर्क ने कहा कि हरियाणा राज्य प्रवर्तन ब्यूरो अरावली पर्वत श्रृंखला को बचाने में अहम भूमिका निभाएगा। वे शुक्रवार को गुरुग्राम स्थित प्रवर्तन ब्यूरो कार्यालय में आयोजित राज्य स्तरीय समीक्षा बैठक की अध्यक्षता कर रहे थे।
बैठक में उन्होंने गुरुग्राम रेंज के अंतर्गत आने वाले सभी 11 पुलिस थानों के जांच अधिकारियों को सघन प्रवर्तन अभियान चलाने के निर्देश दिए। इन अभियानों के तहत अरावली पर्वत श्रृंखला क्षेत्र में आने वाले गुरुग्राम, नारनौल, रेवाड़ी, फरीदाबाद, नूंह, चरखी दादरी और भिवानी जिलों को कवर किया जाएगा।
ADGP विर्क ने बताया कि ब्यूरो के जांच अधिकारी और स्टाफ संबंधित विभागों के अधिकारियों, जिला पुलिस अधीक्षकों और प्रवर्तन ब्यूरो मुख्यालय को नियमित रूप से स्रोत रिपोर्ट भेजेंगे। इसका उद्देश्य अवैध खनन गतिविधियों पर समय रहते कार्रवाई करना और अरावली के संरक्षण को सुनिश्चित करना है।
उन्होंने कहा कि स्रोत रिपोर्ट के आधार पर अवैध कॉलोनियों, अवैध शराब कारोबार, अवैध खनन, बिजली चोरी और पानी चोरी जैसी गतिविधियों में शामिल आपराधिक प्रवृत्ति के व्यक्तियों और गिरोहों के खिलाफ त्वरित कार्रवाई की जाएगी। इसके साथ ही 11 पुलिस थानों में तैनात अधिकारियों के प्रदर्शन की भी नियमित समीक्षा की जाएगी।
विर्क ने बताया कि वर्ष 2025 में गुरुग्राम क्षेत्र में अवैध खनन पर रोक लगाने के लिए 4,539 स्थलों की जांच की गई। इस दौरान 1,358 वाहनों को जब्त किया गया, 536 मामले दर्ज किए गए, 626 लोगों को गिरफ्तार किया गया और 507 मामलों का निपटारा किया गया। उन्होंने कहा कि इस कार्रवाई के तहत करीब 10 करोड़ रुपये का जुर्माना लगाया गया, जिसमें से 4 करोड़ रुपये की वसूली की जा चुकी है।
उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि पुलिस की पारंपरिक जिम्मेदारियों को ध्यान में रखते हुए प्रवर्तन ब्यूरो आपातकालीन सेवाओं में भी निर्णायक भूमिका निभाएगा। ब्यूरो के संगठनात्मक ढांचे को मजबूत करने के लिए दंगा-रोधी उपकरण और अन्य आवश्यक संसाधन विशेष रूप से उपलब्ध कराए जाएंगे।